ग्राम प्रधान

चर्चा के चबूतरे पर देश की सबसे युवा सरपंच जबना चौहान

गरीब परिवार में जन्म, दसवीं के बाद आगे की पढ़ाई बंद करने का दबाव,लेकिन पढ़ने के लिए संघर्ष जारी रहा। मनरेगा में काम किया, रोज़-रोज़ बीसियों किलोमीटर का पैदल सफर, साथ-साथ छोटी सी नौकरी की… अपनी इसी ज़िद  के चलते वो ना सिर्फ सरपंच बनी बल्कि  उसने इतिहास रच दिया। अब ये सामान्य ज्ञान के
Read More

चुनाव: बहिष्कार से विकास की आस

__अमित (AmitBharteey) अगर आपकी राजनीति में रुचि हैं और इससे संबंधित ठीक-ठाक सामग्री पढ़ते रहते हैं तो आपने कई विद्वानों को ये कहते पाया होगा कि गरीबों का, अंतिम-जन का सबसे आख़िरी और कारगर उपाय उसका अपना मत होता है। जब चुनी गईं सरकारें और प्रतिनिधि पाँच साल (या निर्धारित कार्यकाल) में उसकी अपेक्षाओं के
Read More